.

.




देहरादून : 15 फरवरी , 2016

इंजीनियरिंग बनने का सपना देख रहे उत्तराखंड के छात्रों के ल‌िए अच्छी खबर है। उत्तराखंड तकनीकी विश्वविद्यालय (यूटीयू) नए सत्र से बीटेक दाखिलों को अपनी प्रवेश परीक्षा आयोजित कराएगा। सोमवार को सुद्धोवाला स्थित परिसर में यूटीयू से संबद्ध तकनीकी संस्थानों के निदेशकों के साथ कुलपति प्रो. पीके गर्ग की अध्यक्षता में हुई बैठक में इस अहम फैसले पर मुहर लगा दी गई। इस संबंध में प्रस्ताव शासन को भेजा जा रहा है।

शासन से अनुमति मिलने के बाद विवि प्रवेश परीक्षा आयोजित करेगा। ऐसा होने पर विवि और कॉलेजों को छात्रों की कमी के संकट से नहीं जूझना पड़ेगा।

अब तक जेईई मेन के स्कोर पर होते हैं दाखिले
दरअसल, उत्तराखंड में बीटेक के दाखिले जेईई मेन के स्कोर के आधार पर किए जाते हैं। यह स्कोर जब तक विवि को मिलता है, तब तक कई प्राइवेट व डीम्ड विश्वविद्यालयों में दाखिले हो चुके होते हैं। नतीजा, बीते चार साल से प्रदेश में बीटेक की 12,500 सीटों में से महज 2,500 से 3,000 सीटें ही भर पा रही हैं। कई कॉलेज इस वजह से बंदी के कगार पर आ गए हैं।

दूसरी ओर, यूपी-पंजाब सहित कई राज्य हर साल अपनी प्रवेश परीक्षा से बीटेक की सीटें भरते हैं। लिहाजा, यह फैसला लिया गया कि अन्य राज्यों की तर्ज पर यूटीयू भी बीटेक सीटें भरने के लिए प्रवेश परीक्षा कराए। इस परीक्षा के होने से सूबे में इंजीनियरिंग के दाखिले समय से हो सकेंगे। लंबे समय से इस प्रवेश परीक्षा की मांग की जा रही है।

कुलपति गर्ग ने इस मौके पर सभी संबंद्ध तकनीकी संस्थानों के निदेशकों से कहा कि वह परीक्षा और संबद्धता शुल्क समय से जमा कराएं। जो कॉलेज लापरवाही करेंगे, उनके खिलाफ कार्रवाई का नोटिस जारी किया जाएगा। 

कुलसचिव का है कहना
लंबे समय से जेईई मेंस के स्कोर के आधार पर काउंसलिंग की वजह से बीटेक एडमिशन का आंकड़ा गिर रहा है। कॉलेज भी लगातार राज्य की ही प्रवेश परीक्षा कराने की मांग कर रहे हैं। इसीलिए फैसला किया गया है कि यूटीयू अपनी प्रवेश परीक्षा शुरू करेगा। अब शासन से अनुमति मिलने का इंतजार है। 
-प्रो. विजय जुयाल, कुलसचिव, यूटीयू |  अमर उजाला


See More

 
Top