देहरादून। उत्तराखंड के मुखिया के तौर पर जिस दिन सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत के नाम का ऐलान हुआ था उस दिन उत्तराखंड की जनता की जुबान से लेकर सोशल मीडिया में तक इस बात की चर्चा मजाकिए तौर पर उठ रही थी कि उत्तराखंड में केवल सरकार बदली है…मुख्यमंत्री की कुर्सी पर तो हरीश रावत के बाद त्रिवेंद्र रावत यानी कोई दूसरा रावत ही विराजमान होने वाले हैं। लेकिन आज मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने ये साफ कर दिया है कि वह वे रावत नहीं है जिनसे हरीश रावत के साथ उनका रावत वाला कनेक्शन जोड़ कर देखा जाए.

मुख्यमंत्री ने दिया बयान

जी हां आज सचिवालय में मुख्यमंत्री ने बयान देते हुए कहा कि हम दूसरे रावत हैं और हरीश रावत दूसरे रावत हैं। मुख्यमंत्री के इस बयान के सियासी मायने भी निकाले जाने शुरू हो गए हैं कि पहली बार मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने खुद को पूर्व सीएम हरीश रावत सेे अलग रावत खुद को क्यों बताया है।

केदारनाथ डाॉक्यूमेंट्री के सवाल पर दिया जवाब

दरअसल आज सचिवालय में मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत की अध्यक्ष में कैबिनेट बैठक हुई, जिसमें त्रिवेंद्र कैबिनेट ने केदारनाथ में हुए पुनर्निर्माण कार्यों पर 90 मिनट और 10 मिनट की दो डाॉक्यूमेंट्री बनाने के फैसले पर मुहर लगाई है. त्रिवेंद्र कैबिनेट के इसी फैसले पर मीडिया ने जब सीएम से सवाल किया कि एक फिल्म 12 करोड़ रूपये की लागत से पूर्व सीएम हरीश रावत ने भी गायक कैलाश खेर से बनाई थी, जो आज तक किसी चैनल पर प्रसारित नहीं हुई। जिसके जवाब में मुख्यमंत्री ने सीधे तौर से जवाब देते हुए कहा कि हरीश रावत दूसरे रावत हैं और वह दूसरे रावत है।

बयान के मायने

सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत के इस बयान के मायिने भले ही कम लोग समझे हो लेकिन राजनतिक पण्डित की माने तो त्रिवेंद्र सिंह रावत के बयान के मयिने साफ है कि पूर्व सीएम हरीश रावत और उनके कार्यकरने के शैली में फरख है।





0 comments:

Post a Comment

See More

 
Top