केंद्र की मोदी सरकार और ओडिशा की नवीन पटनायक सरकार पर हमला बोलते हुए कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने बुधवार को कहा कि वे किसानों, आदिवासियों और दलितों के लिए काम नहीं कर रहे है. राहुल ने उन पर आदिवासियों के अधिकारों को दबाने का आरोप लगाया. गांधी ने भवानीपटना में आयोजित जनसभा में कहा, नवीन पटनायक और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) आदिवासियों की जमीन छीनने की कोशिश कर रहे है. लेकिन, कांग्रेस पार्टी आदिवासियों के अधिकारों को पुनस्र्थापित करेगी. हम जल, जमीन और जंगल पर आपके अधिकारों की रक्षा करेंगे.

दो सप्ताह में गांधी का यह दूसरा ओडिशा दौरा है. राज्य में आम चुनाव और विधानसभा चुनावों के एक साथ होने की स्थिति में वे अपनी पार्टी को राज्य में पुनर्जीवित करना चाहते है. राहुल ने 25 जनवरी को भुवनेश्वर में जनसभा को संबोधित किया था.

आर्थिक रूप से देश के सबसे पिछड़े क्षेत्रों में से एक में आदिवासी कार्ड खेलते हुए गांधी ने कहा, कांग्रेस पार्टी ने आपके क्षेत्र में विशेष ध्यान दिया चाहे वह बैकवर्ड रीजंस ग्रांट फंड (बीआरजीएफ) हो या कालाहांडी, बोलंगीर और कोरापुट (केबीटी) के लिए सहयोग की बात हो. लेकिन, भाजपा और नवीन ने सिर्फ आपसे इन्हें छीनने के लिए काम किया.

उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर भ्रष्ट होने और नवीन पटनायक पर नरेंद्र मोदी के इशारों पर चलने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा, नवीन पटनायक ने आपको चिट फंड घोटाला दिया वहीं मोदी ने नोटबंदी और राफेल घोटाला दिया. कांग्रेस प्रमुख ने कहा कि दोनों सरकारें गरीबों की कीमत पर चंद उद्योगपतियों की जेबें भर रही है.

गांधी ने कहा, चाहे नरेंद्र मोदी हों या नवीन पटनायक, वे सिर्फ अपने 15-20 अमीर दोस्तों के लिए सरकारें चला रहे है. पीएम मोदी ने पिछले चार साल में उद्योगपतियों का 3.5 लाख करोड़ रुपये का कर्ज माफ कर दिया. लेकिन बजट में वे किसानों के लिए सिर्फ 3.5 रुपये प्रतिदिन ही दे सके.

गांधी के अनुसार, उनकी पार्टी ने निर्णय लिया है कि अगर पांच साल के अंदर प्रस्तावित परियोजनाएं सफल ना हो पाईं तो उद्योग स्थापित करने के लिए अधिगृहीत की गई जमीन वापस कर दी जाएगी.

उन्होंने कहा, छत्तीसगढ़ में टाटा की एक फैक्ट्री पांच साल में नहीं बन सकी तो कांग्रेस सरकार ने आदिवासियों की जमीन वापस कर दी. उन्होंने प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनने पर किसानों का ऋण माफ करने और धान पर प्रति क्विंटल 2,600 रुपये देने का वादा किया.





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