बुग्यालों में प्रवास करने वाले भेड़ पालकों की जीवनी पर आधारित आलेख लक्ष्मण सिंह नेगी ऊखीमठ : भारतीय संस्कृति अरण्य प्रधान रही है! हमारे ऋषि – मुनियों ने पेड़ों के नीचे बैठकर मानव जीवन की गम्भीर समस्याओं पर चिन्तन किया और उपनिषदों तथा वेद – पुराणों की रचना की! वे प्रकृति के पास शुद्ध भावना […]



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