देहरादून एसओजी को एक रेपिस्ट और हत्या के आरोपी को पकड़ने में सफलता हासिल हुई है वह भी 4 साल बाद। बता दें कि मसूरी में घटित जघन्य हत्या एवं गैंग रेप का 4 सालों से फ़रार चल रहा 10,000 रुपये के इनामी अभियुक्त को एस ओजी ने बिहार से गिरफ्तार किया है।

बता दें कि डीजीपी अशोक कुमार के निर्देशानुसार वांछित/इनामी अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए ऑपरेशन क्लीन चलाया जा रहा है। इसी के दृष्टिगत देहरादून एसएसपी के आदेश पर देहरादून पुलिस, एसओजी औऱ मसूरी पुलिस के नेतृत्व में 4 साल से फरार चल रहे 10,000 रुपये का इनामी आरोपी को ठगा मण्डल पुत्र सहदेव मण्डल निवासी बिहार को 7 अगस्त 2021 को ग्राम माधोपुर थाना बथनाह सीतामढ़ी बिहार से गिरफ्तार किया। आरोपी को सम्बंधित न्यायालय के समक्ष पेश कर ट्रांजिट रिमांड पर देहरादून लाया गया औऱ आरोपी को समय से सम्बंधित न्यायालय देहरादून में पेश किया गया।

बता दें कि 20 जुलाई 2017 को धर्मदास पुत्र नागदा ग्राम पोस्ट ऑफिस धनकोली तहसील पुरोला जिला उत्तरकाशी द्वारा कोतवाली मसूरी में आकर बताया कि उनकी पुत्री विजय की शादी 30-06-2017 को रकम दास पुत्र विशन दास निवासी ग्राम सिंगोद डुण्डा जिला उत्तरकाशी के साथ हुआ था। उनकी पुत्री व उनके जमाई चंडीगढ़ में निवास कर रहे थे उनकी पुत्री 15 जुलाई 2017 को बिना बताए चंडीगढ़ से चली गई थी जिसकी गुमशुदगी उनके दामाद रकम दास ने थाना सुहागा मोहाली में 16 जुलाई 2017 को दर्ज कराई थ। 20 जुलाई 2017 को सूचना मिली की चूनाखाला के जंगल में एक अज्ञात महिला का शव सड़ी गली अवस्था में पेड़ से लटका हुआ है। मौके पर मसूरी पुलिस नें पहुंचकर मृतका का पंचायत नामा भरकर घटनास्थल के पास से सबूत इक्ट्ठा किए और बाद पंचायतनामा की कार्यवाही शव को कम्यूनिटी अस्पताल मसूरी में रखा गया और महिला की शिनाख्त के लिए सोशल मीडिया का इस्तेमाल किया गया।

22 जुलाई 2017 को उत्तरकाशी के ग्राम तियां निवासी प्रेमदास ने अपनी बेटी और रकम दास पुत्र विशन दास निवासी ग्राम सिंगोद ने अपनी पत्नी के रूप में कम्यूनिटी अस्पताल आकर शिनाख्त विजय पत्नी, रकम दास उत्तरकाशी के रूप में की जो कि कुछ समय पूर्व चंडीगढ़ से गुम हो गई थी। इस केस के लिए गठित की गई टीम ने मृतका के पिता की तहरीर के आधार पर थाना मसूरी में विभिन्न् धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया और जांच की।

बता दें कि जांच के दौरान पुलिस को शव के पास से मोबाइल मिला था जो कि मृतका का था। बरामद सिम प्रमोद मंडल पुत्र नागेश्वर मंडल निवासी ग्राम मटियार कला थाना सहियारा/ जिला सीतामढ़ी बिहार के नाम से रजिस्टर्ड था। क्योंकि सिम बिहारी मूल के व्यक्ति के नाम से था तो इस घटना में किसी बाहरी व्यक्ति की संलिप्त्ता सामने आई। जांच के दौरान यह भी प्रकाश में आया कि मृतका की अपने ही गांव के एक युवक से जान पहचान थ।

जब इस युवक से पुलिस ने पूछताछ की तो पता चला कि मौत से कुछ समय पहले मृतका इस युवक से मिलने देहरादून आई थी और उसके बाद मसूरी भट्टा गांव पहुंची थी। भट्टा गांव पहुंचने पर मृतका द्वारा भट्टा गांव के व्यक्तियों और कुछ बिहारी व्यक्तियों के फ़ोन से इस युवक की फोन पर अपने पति के रूप में बात करवाई थी। इस घटना में बाहरी व्यक्तियों की संलिप्तता को देखते हुए मसूरी पुलिस और एसओजी द्वारा मसूरी थाना क्षेत्र के ग्राम भट्टा के आसपास सभी बाहरी व्यक्तियों का सत्यापन किया। इस दौरान करीब 150 बाहरी व्यक्तियों का सत्यापन कर प्रमोद मंडल उपरोक्त को 16 अगस्त 2017 को गिरफ्तार किया।

पकड़े जाने के बाद प्रमोद ने बताया कि 16 जुलाई 2017 को वह अपने बिहार निवासी साथियों राकेश, सुखारी, राकेश साहनी, नंदू, जयकरण, बिट्टू,ठगा मंडल, नारायण मंडल के साथ मजदूरी का कार्य कर रहा था. तभी दोपहर के समय उक्त महिला फोन पर अपने पति से बात कराने के लिए फोन मांगने के लिए आई थी और वो काम की तलाश कर रही थी, प्रमोद मंडल द्वारा अपने फोन से महिला की बात भी कराई गई थी और यह भी बताया कि मृतका महिला की मज़बूरी व लाचारी का फायदा उठाकर हम सभी ने महिला के साथ बलात्कार किया तथा पता लग जाने के डर से महिला की गला घोट कर हत्या कर दी, महिला की पहचान ना हो पाए इसलिए उसके चेहरे पर तेजाब डालकर खराब कर दिया था।

हत्या को आत्महत्या का रूप देने के लिए उसे दूर जंगल में ले जाकर चुन्नी से गले में फंदा डाल दिया और शव को पेड़ से लटका दिया था। अभियुक्त की गिरफ़्तारी, साक्ष्य संकलन एवं बयानों के आधार पर अभियोग में धारा 376 (d)/326(A) ipc व 3 (2 )(v) sc /st act की बढ़ोत्तरी की गयी, कोतवाली मसूरी एवं एसओजी के अथक परिश्रम से 16-8-2017 को उपरोक्त मुकदमे में से सम्बन्धित पांच अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया गया था। उसके पश्चात एस0ओ0जी0 देहरादून द्वारा लगातार प्रयास करते हुए 11-01-2021 को उपरोक्त मुकदमे में फ़रार चल रहा 5,000 का इनामी अभियुक्त नन्दु पंडित नि0 ग्राम हेमलपुर थाना मेजरगांव सीतामढ़ी बिहार को जनपद पटियाला पंजाब से गिरफ्तार किया गया था । पूछताछ करने पर अभियुक्त नंदू पंडित द्वारा उपरोक्त मुकदमे के अन्य अभियुक्त ठगा मंडल के विषय में जानकारी दी गई कि उक्त ठगा मंडल कभी कभी अपने गांव आता है, एस0ओ0जी0 देहरादून की टीम द्वारा संभावित मिले मोबाइल नंबरों व अन्य तकनीकी डाटा का रात-दिन एक कर के विश्लेषण किया गया और मुखबिरों के माध्यम से लगातार निगरानी की गयी महीनो की मेहनत के पश्चात एस0ओ0जी0 टीम को मुखबिर के माध्यम से अभियुक्त के सम्बन्ध में अहम् जानकारी प्राप्त हुयी थी, उक्त सूचना के सम्बन्ध मे उच्चधिकारियों को अवगत कराया गया । वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक द्वारा तत्काल आवश्यक संसाधन उपलब्ध करते हुए टीम को बिहार जाने हेतु निर्देशित किया गया जिसके पश्चात् पुलिस अधीक्षक नगर एवं एस0ओ0जी0 टीम द्वारा बिहार राज्य पुलिस से समन्वय स्थापित किया गया तथा लगातार अथक प्रयास करते हुए एक टीम सत्यापन एवं ठगा मण्डल की गिरफ़्तारी हेतु उप निरीक्षक दीपक धारीवाल के नेतृत्व में बिहार के लिए रवाना की गई, टीम द्वारा बिहार के ग्रामीण क्षेत्रों की विषम परिस्थितियों में अभियुक्त की तलाश में लगातार दबिश दी गयी इस दौरान क्षेत्राधिकारी एसओजी एवं प्रभारी निरीक्षक एसओजी द्वारा लगातार टीम को दिशानिर्देश एवं तकनीकी सहायता लगातार दी जाती गयी । उच्चाधिकारियों के कुशल मार्गनिर्देशन में एसओजी टीम देहरादून द्वारा रात दिन की मेहनत एवं अथक प्रयासों के फलस्वरूप दिनांक 07-08-2021 को अभियुक्त की ससुराल ग्राम माधोपुर थाना बथनाह जनपद सीतामढ़ी बिहार से अभियुक्त ठगा मण्डल पुत्र सहदेव मण्डल को गिरफ्तार किया गया उपरोक्त अपराध एक जघन्य श्रेणी का अपराध था जिसमे अभियुक्त गिरफ़्तारी से पीड़ित परिवार को संतुष्टि एवं जनसामान्य में पुलिस के प्रति विश्वास बढ़ा है और जनपद पुलिस के उक्त कार्य की भूरी भूरी प्रशंसा की गयी है ।
पूछताछ विवरण – पूछताछ करने पर अभियुक्त ठगा मंडल द्वारा बताया गया की वह उपरोक्त अभियुक्तों के साथ मजदूरी का कार्य कर रहा था तभी दोपहर के समय महिला विजय फोन पर अपने पति से बात कराने के लिए फोन मांगने के लिए आई थी तथा वह महिला काम की तलाश में थी प्रमोद मंडल द्वारा अपने फोन से उक्त महिला की किसी से बात भी कराई गई थी तथा यह बताया कि मृतका महिला की मजबूरी व लाचारी का फायदा उठाकर हम सभी साथियों ने उक्त महिला को घेर कर उसके साथ बलात्कार किया तथा पता लग जाने के डर से महिला का गला घोट कर हत्या कर दी गई थी, महिला की पहचान ना हो पाए इसलिए उसके चेहरे पर तेजाब डालकर उसे बुरी तरह खराब कर दिया तथा हत्या को आत्महत्या का रूप देने के लिए उसे दूर जंगल में ले जाकर चुन्नी से गले में फंदा डाल कर शव को पेड़ से लटका दिया था । उसके बाद मैं डर गया मैंने अपना फ़ोन भी फेंक दिया था और यहाँ से बिहार भाग गया था । उसके बाद मैं नेपाल चला गया। मैं कभी कभी अपने घर आता था अभी कुछ दिन पहले ही मैं अपनी ससुराल माधोपुर में आया था कि पुलिस ने पकड़ लिया ।
नाम पता गिरफ्तार अभियुक्त :
ठगा मंडल पुत्र सहदेव मंडल निवासी बधुरी थाना सहियारा जिला सीतामढ़ी बिहार । उम्र लगभग 50 वर्ष
ईनाम राशि- रूपए 10000
पर्यवेक्षण अधिकारी:
1 – श्रीमती सरिता डोभाल पुलिस अधीक्षक नगर देहरादून
2 – श्री प्रकाश चंद्र पुलिस अधीक्षक अपराध देहरादून
3 – श्री नरेंद्र पंत क्षेत्राधिकारी एसओजी/मसूरी देहरादून
एसओजी टीम :
01 – श्री नदीम अतहर निरीक्षक एसओजी देहरादून
02- एसआई दीपक धारीवाल एसओजी देहरादून
03- का ललित, देवेंद्र कुमार, अरशद , पंकज, अमित , किरण कुमार , आशीष शर्मा , विपिन राणा , म0का0 मोनिका
थाना मसूरी टीम :
1-एसआई विनय शर्मा थाना मसूरी

The post वाह देहरादून पुलिस : फरार रेपिस्ट और हत्या के आरोपी को 4 साल बाद किया बिहार से गिरफ्तार first appeared on Khabar Uttarakhand News.





0 comments:

Post a Comment

See More

 
Top